एनीमिया का आयुर्वेदिक उपचार

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शरीर में थकान, कमजोरी और त्‍वचा का रंग पीला पड़ने से हमारा शक पूरी तरह से सच में बदल जाता है कि किसी इंसान को एनीमिया यानी की उसके शरीर में खून की कमी है। अगर खून में हीमोग्‍लोबिन की मात्रा बहुत अधिक कम हो गई है तो, आपकी त्‍वचा में सूजन भी देखने को मिल सकती है। एनीमिया का करण, लोह तत्त्व / विटामिन बी १२ / फोलिक एसिड की कमी होती है जो भोजन में कमी के कारण हो सकती है या अत्यधिक रक्त श्राव के कारण । कभी कभी अनुवांशिक कारणों से भी हो सकती है।

खून की कमी अक्‍सर महिलाओं में देखी जाती है । अगर आपके घर में भी किसी को एनीमिया है, तो अच्‍छा होगा कि आप इसका आयुर्वेदिक इलाज ही करें। अगर शरीर में खून की कमी है तो अपने आहार पर खास ध्‍यान दें। खून बढ़ाने वाले आहार गेहूं, चना, मोठ, मूंग को अंकुरित कर नींबू मिलाकर सुबह नाश्ते में खाएं। मूंगफली के दाने गुड़ के साथ चबा-चबा कर खाएं। पालक, सरसों, बथुआ, मटर, मेथी, हरा धनिया, पुदीना तथा टमाटर खाएं। फलों में पपीता, अंगूर, अमरूद, केला, सेब, चीकू, नींबू का सेवन करें। अनाज, दालें, मुनक्का, किशमिश, गाजर तथा पिंड खजूर दूध के साथ लें।

सेब और चुकंदर रस  एक गिलास सेब का जूस लें, उसमें एक गिलास चुकंदर का रस और स्‍वाद के लिये शहद मिलाएं। इसे रोजाना पिएं। इस पेय में बहुत सारा लौह तत्‍व होता है।

तिल और शहद एक चम्‍मच तिल का बीज लें, उसे 2 घटों के लिये पानी में भिगो दें। फिर पानी छान कर बीज को कूंच कर पेस्‍ट बना लें। फिर इसमें 1 चम्‍मच शहद मिलाएं और दिन में इसे दो बार खाएं।

एलोवेरा  नाश्‍ते के 30 मिनट पहले 30 एमएल एलोवेरा जूस दिन में रोजाना लें।

शरीर की मसाज  शरीर से टॉक्‍सिन निकालना भी जरुरी है। इसलिये अपने शरीर की किसी अच्‍छे पेशेवर मसाज करने वाले से मसाज करवाएं।

योगा सूर्यनमस्‍कार, सर्वांगआसन, शवआसन और पश्चिमोत्तानासन करने से पूरे शरीर में खून का फ्लो बढ़ जाता है। इसके अलावा गहरी सांस भरना और प्रणायाम करना भी लाभदायक होता है।

आम  पके हुए आम के गूदे को अगर मीठे दूध के साथ लिया जाए तो आपका हीमोग्‍लोबिन बढ़ जाएगा।

पालक का सेवन पालक में भरपूर मात्रा में लौह तथा विटामिन बी 12 पाया जाता है, इसके साथ ही इसमें फोलिक एसिड की भी उच्च मात्रा मौजूद होती है। पालक का सेवन करने से खून की कमी पूरी हो जाती है, इसके लिए हमें पालक का सूप बनाकर, या पालक का साग बनाकर भी इसका सेवन कर सकते हैं।

टमाटर का सेवन शरीर में आयरन की मात्रा लेने के साथ यह भी जरूरी होता है कि आपके शरीर में आयरन को सोखने की क्षमता हो। इसमें टमाटर एक अहम भूमिका को निभाता है। ऐसे में हमें हर रोज दो कच्चे टमाटरों का सेवन आवश्य करना चाहिए। आप टमाटर का रस खाने में और सलाद के रूप में भी कर सकते हैं!